प्रतीपगमन समीकरण को समझाइए

प्रतीपगमन समीकरण को समझाइए
प्रतिपगमन समीकरण प्रतिपगमन रेखाओ के बीजगणितय ढंग पर वर्णन की रीती हे रेखाओ की भाति समीकरण भी दो होते हे प्रतिपगमन समीकरण दो समंक मालाओ के समांतर मध्यो के समबन्ध में एक श्रेणी में उसके माध्य से विचलन तथा दूसरी श्रेणी के माध्य से उसके विचरण की तुलना को प्रकट करते हे प्रतिपगमन समीकरण प्रतिपगमन रेखाओ को व्यक्त करते हे जिस प्रकार x की y पर प्रतीपगमन रेखा y के दिए हुए मूल्यों के लिये अति सम्भावित x के मूल्यों का प्रदर्शन करती हे और इसी भाँती y की x पर प्रतीपगमन रेखा x के दिए हुए मूल्यों के समकक्ष y के मूल्य बनाती हे इसी प्रकार x का y पर प्रतीपगमन समीकरण y के मूल्यों में विचरण को प्रकट करता हे जो x में परिवर्तन होने पर अपेछित  होंगे     

Comments

Popular posts from this blog

सहसंबंध एवं गुण सम्बन्ध में अंतर

प्रतिपगमन का अर्थ

सहसंबंध का महत्व